अगर आप चाहते हैं की आपका मोगरा गर्मी में भर भर के फूल दे तो बसंत ऋतू में इसकी प्रूनिंग (कटाई -छंटाई)करनी चाहिए।
1-प्रूनिंग क्यों ज़रूरी है?
पुरानी और सूखी टहनियां, पतियाँ हटाने से मोगरा में नई ग्रोथ तेज़ होती है और ज़्यादा फूल आते हैं।
2-प्रूनिंग में क्या क्या काटना और हटाना होता है?
✔ पीले,भूरे और सूखे पत्तियां को, ✔ लम्बी, पतली टहनियों को ✔ पुरानी और सूखी टहनियां को, ✔ अंदर की ओर बढ़ रही, ✔ आपस में टकरा रही शाखाएं को काटना और हटाना है।
3-कितनी प्रूनिंग करनी चाहिए?
अगर पौधा 3-4 महीने पुराना है तो 25-30% तक हल्की कटाई -छटाई करें। अगर मोगरा का 6-1 साल पौधा पुराना है तो 50-60% तक हार्ड प्रूनिंग करें।
4-किस समय मोगरा की प्रूनिंग करनी चाहिए?
सुबह -सुबह जब धुप तेज नहीं हो या फिर शाम को,जब धुप चली गयी हो!
5-किस महीने मोगरा की हार्ड प्रूनिंग करना अच्छा है?
फरवरी से मार्च तक और बरसात के मौसम में जब पौधे में नई पत्तियाँ, कोंपलें निकलना शुरू हों।
6-प्रूनिंग के बाद क्या करें?
✔ मिटटी की गुड़ाई करके उसमे हल्की खाद (Vermicompost या गोबर खाद) की खाद मिलाएं। ✔ उसके बाद अच्छे से पानी दें, ✔पौधे को कुछ दिन हलकी धुप में रखें और ✔ अधिक पानी देने से बचें।
7-इसके बाद का परिणाम क्या होगा?
आपके मोगरा में 7 से 15 दिन बाद नई growth दिखने लगेगी और 1-2 महीने बाद भर-भर के फूल देगा।
8-समय-समय पर हल्की छंटाई करते रहें।
मुरझाए हुए फूलों को हटा दें ताकि पौधे में नई कलियाँ आ सकें और वे खिल सकें। पौधे में अनचाही नई ग्रोथ को हटा दें।
यहां दी गई टिप्स अगर आप सही से फॉलो करते हैं तो आपका मोगरा का पौधा स्वस्थ, हरा भरा हो जायेगा और खूब फूल देगा।